//रूपेश जैन//
बक्सवाहा(छतरपुर)। जिले के शासकीय महाविद्यालय बकस्वाहा जिला छतरपुर में स्वामी विवेकानंद कॅरियर मार्गदर्शन योजना के अंतर्गत संपूर्ण विश्व के युवाओं के प्रेरणास्रोत, दार्शनिक,आध्यात्मिक, वेद-वेदांत मर्मज्ञ एवं भारतवर्ष की वसुधैव कुटुंबकम् की अवधारणा को विश्व पटल पर अंकित करने वाले प्रख्यात संत, युग-पुरुष स्वामी विवेकानंद की जयंती 12 जनवरी, "राष्ट्रीय युवा दिवस" के अवसर पर विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया गया।
जिस दौरान सर्वप्रथम पूर्वाह्न प्रभात में महाविद्यालय के क्रीड़ाअधिकारी पुष्पेन्द्र कुमार अहिरवार द्वारा महाविद्यालय के विद्यार्थियों एवं शिक्षकों सहित सामूहिक सूर्य नमस्कार किया गया एवं साथ ही योग एवं ध्यान मुद्रा का भी अभ्यास कराया गया। इस दौरान पुष्पेन्द्र कुमार अहिरवार ने स्वामी विवेकानंद जी के शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य संबंधी विचारों को भी युवा विद्यार्थियों से अवगत कराया।
तत्पश्चात महाविद्यालय में राष्ट्रीय युवा दिवस पर संगोष्ठी का आयोजन किया गया जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में महाविद्यालय के जनभागीदारी समिति अध्यक्ष इंजी० देवकीनन्दन गंधर्व एवं कार्यक्रम की अध्यक्षता महाविद्यालय के प्राचार्य शिवम शुक्ला ने किया।
कार्यक्रम के संयोजक एवं संचालन महाविद्यालय के टीपीओ डा० नीरज कुमार, प्रभारी स्वामी विवेकानंद कॅरियर मार्गदर्शन योजना ने किया। कार्यक्रम संयोजक डा० नीरज कुमार ने संगोष्ठी में प्रवर्तन करते हुए स्वामी विवेकानंद के व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर प्रकाश डाला एवं युवाओं के प्रति उनके विचारों के बारे में भी जानकारी प्रदान की।
कार्यक्रम में अध्यक्षीय उद्बोधन देते हुए प्राचार्य शिवम शुक्ला ने स्वामी विवेकानंद के शुरुआती बचपन, उनके पारिवारिक पृष्ठभूमि एवं उनके आध्यात्मिक- राष्ट्रीय विचारों के बारे में भी बताया। श्री शुक्ला ने स्वामी विवेकानंद के शिकागो व्याख्यान पश्चात वैश्विक पटल पर भारत के चिंतन को भी समझाया।
इसके पश्चात कार्यक्रम में अगले वक्ता के रूप में महाविद्यालय के डा० प्रदीप कुमार अहिरवाल, सहायक प्राध्यापक भौतिकी ने युवाओं को अपनी ऊर्जा सकारात्मक कार्यों एवं एक लक्ष्यों पर केन्द्रित करने की बात कही। कार्यक्रम में जनभागीदारी समिति अध्यक्ष इंजी० देवकीनन्दन गंधर्व ने अपने ओजस्वी उद्बोधन के माध्यम से युवा विद्यार्थियों को स्वामी विवेकानंद की उपलब्धियों से सीख लेने की बात कही एवं उनके बताये मार्ग को अनुकरण करने के लिए उत्प्रेरित किया। श्री गंधर्व ने विद्यार्थियों एवं शिक्षकों को मेडिटेशन एवं ऊर्जा केंद्रित करने का अभ्यास भी कराया।
कार्यक्रम में अगले वक्ता के रूप में महाविद्यालय की श्रद्धा राठौर सहायक प्राध्यापक इतिहास ने, स्वामी विवेकानंद के भारतीय संस्कृति एवं गौरव के प्रादुर्भाव में योगदान की चर्चा की।
वहीं इसके अतिरिक्त कार्यक्रम में महाविद्यालय की राजुल पाठक, रामकुमार विश्वकर्मा, रोशनी पाण्डेय, प्रथम बिल्थरे, साक्षी मिश्रा, नीलम प्रजापति, लवकुश यादव आदि विद्यार्थियों ने भी भाषण एवं कविता के माध्यम से अपने विचार व्यक्त किये।
पोस्टर प्रदर्शनी एवं निबंध प्रतियोगिता का आयोजन
कार्यक्रम में पोस्टर प्रदर्शनी का भी आयोजन किया गया जिसमें महाविद्यालय की छात्रा स्तुति जैन, आस्था जैन बीएससी तृतीय वर्ष एवं निधि परिहार, प्रियंका अहिरवार बीएससी प्रथम वर्ष ने स्वामी विवेकानंद के व्यक्तित्व पर आकर्षक पोस्टर निर्माण किया जिसकी सराहना सभी अतिथियों ने की। कार्यक्रम में निबंध प्रतियोगिता का भी आयोजन किया गया जिसमें महाविद्यालय के विद्यार्थियों ने बढ़-चढ़ कर हिस्सा लिया।
कार्यक्रम में महाविद्यालय के पूर्व छात्र एवं अभाविप इकाई बकस्वाहा के मोहित पटेल ने संबोधन के दौरान स्वामी विवेकानंद के विद्यार्थियों की समग्र भागीदारी एवं विकास संबंधी चिंतन के बारे में बताया एवं एक लक्ष्य साधकर आगे बढ़ने की बात कही।
यह रहे मौजूद
कार्यक्रम के दौरान महाविद्यालय के अवधेश प्रताप सिंह रासेयो कार्यक्रम अधिकारी, डा० मुकेश कुमार पटेल सहायक प्राध्यापक प्राणी शास्त्र, डा० मनोज कुमार चौरसिया सहायक प्राध्यापक राजनीति शास्त्र, लाइब्रेरियन अंकुश जैन, डा० अशोक मिश्रा अतिथि विद्वान गणित, श्री रामप्रकाश कुशवाहा अतिथि विद्वान अंग्रेजी, डा० अरुण द्विवेदी अतिथि विद्वान रसायन शास्त्र सहित नृपत सिंह लेखापाल, बहादुर सिंह ठाकुर कम्प्यूटर आपरेटर, फईमउद्दीन कम्प्यूटर आपरेटर, भरतलाल यादव, मुकेश बिल्थरे, शैलेन्द्र परिहार एवं राहुल प्रजापति और ढेर सारे छात्र एवं छात्राएँ उपस्थित रहे है।
