जबलपुर लोकायुक्त की टीम 17 अक्टूबर की शाम जबलपुर-अमरकंटक नेशनल हाइवे में हादसे का शिकार हो गए। लोकायुक्त पुलिस दल शहपुरा से ट्रेप की कार्रवाई के बाद जबलपुर लौट रहा था। बताया जाता है कि ददरगांव के पास वाहन अनियंत्रित होकर पलट गया।
नेटवर्क जबलपुर। जबलपुर लोकायुक्त की टीम 17 अक्टूबर की शाम जबलपुर-अमरकंटक नेशनल हाइवे में हादसे का शिकार हो गए। लोकायुक्त पुलिस दल शहपुरा से ट्रेप की कार्रवाई के बाद जबलपुर लौट रहा था। बताया जाता है कि ददरगांव के पास वाहन अनियंत्रित होकर पलट गया। हादसे में लोकायुक्त के दो निरीक्षक, चार आरक्षक समेत वाहन चालक के घायल होने की खबर है।सभी घायलों को शहपुरा अस्पताल में भर्ती कराया गया है। दो आरक्षकों गोविंद सिंह व दिनेश दुबे के सिर व पैर में गंभीर चोटें होने के चलते उन्हें उपचार के लिए जबलपुर रेफर किया गया।।
उल्लेखनीय है कि ग्राम पंचायत सरसवाही निवासी सावित्री बाई पति अशोक तेमरे लाड़ली बहना योजना के तहत आवास फार्म भरवाने के लिए शहपुरा जनपद पंचायत कार्यालय पहुंची।जहां पर रोजगार सहायक नानसिंह मसराम ने रिश्वत की मांग की। सावित्री ने अपने पति अशोक तेमरे के साथ जबलपुर पहुंचकर एसपी लोकायुक्त संजय साहू से शिकायत की। इसके बाद 17 अक्टूबर को रोजगार सहायक से बात की तो उसने शहपुरा बस स्टेंड बुला लिया। जहां पर सावित्री बाई ने जैसे ही 500 रुपए की रिश्वत दी। तभी लोकायुक्त की टीम ने नानसिंह को रंगे हाथ पकड़ लिया। कार्रवाई में लोकायुक्त डीएसपी सुरेखा परमार, निरीक्षक स्वप्निल दास, निरीक्षक मंजू तिर्की एवं 5 सदस्यीय दल शामिल था। इसी दल का जबलपुर लौटते समय वाहन पलट गया।