जिला पंचायत अध्यक्ष पद के लिए आज हुए चुनाव में आशा मुकेश गौंटिया निर्विरोध निर्वाचित हो गई। आंकड़ों में पिछड़ी कांग्रेस ने अपना उम्मीदवार ही नहीं उतारा।
//सुनील केवट//
नेटवर्क जबलपुर। जिला पंचायत अध्यक्ष पद के लिए आज हुए चुनाव में आशा मुकेश गौंटिया निर्विरोध निर्वाचित हो गई। आंकड़ों में पिछड़ी कांग्रेस ने अपना उम्मीदवार ही नहीं उतारा। दरअसल,विधायक बनते ही जिला पंचायत अध्यक्ष संतोष बरकड़े द्वारा दिए गए इस्तीफे के बाद अध्यक्ष पद रिक्त हो गया था। उल्लेखनीय है कि चुनाव से ठीक पहले सदस्य आशा गोंटिया ने कांग्रेस छोड़ भाजपा का दामन थाम लिया था।आशा ने महीने भर पहले ही कांग्रेस छोड़कर भाजपा ज्वाइन की थी। कांग्रेस समर्थित तीन सदस्यों के भाजपा ज्वाइन कर लेने से 17 सदस्यीय जिला पंचायत में भाजपा की सदस्य संख्या 12 हो गई थी। वहीं पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष संतोष वरकड़े की रिक्त सीट से जीते नहेंद्र वरकड़े के बाद भाजपा की संख्या बढ़कर 13 हो गई है। तो दूसरी तरफ कांग्रेस की सदस्य संख्या घटकर 04 रह गई, जबकि त्रि स्तरीय पंचायत चुनाव में बंपर जीत के बाद कांग्रेस समर्थित 9सदस्य जिला पंचायत पहुंचे थे। संख्या बल के लिहाज से भाजपा का ही अध्यक्ष जीतने की पूरी उम्मीद थी। इस लिहाज से अंतिम समय तक कांग्रेस से किसी ने भी परचा दाखिल नहीं किया। जिला पंचायत अध्यक्ष पद का कोटा अनुस्चित जनजाति का है।