//राजेश पाराशर//
नेटवर्क सागर। भाजपा सरकार की जन विरोधी नीतियों को उजागर करने और सरकार को नींद से जगाने के लिए कांग्रेस का प्रदेश व्यापी विधानसभा घेराव आगामी 16 दिसंबर 2024 को राजधानी भोपाल में व्यापक स्तर पर रखा गया है। जिसमें प्रदेश भर से वरिष्ठ नेताओं सहित करीब 50 हजार से अधिक कांग्रेस कार्यकर्ताओं के शामिल होने की संभावना है। यह जानकारी मध्यप्रदेश कांग्रेस कमेटी की उपाध्यक्ष और सेवादल के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष महेंद्र जोशी ने पत्रकारों से चर्चा करते हुए दी। प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष जीतू पटवारी के निर्देश पर भाजपा की सरकार को जगाने के लिए आगामी 16 दिसंबर को भोपाल में होने जा रहे प्रांतव्यापी विधानसभा घेराव एवं विरोध प्रदर्शन के मुद्दे पर संभागीय मुख्यालय सागर में उक्त पत्रकार वार्ता आयोजन किया गया। पत्रकार वार्ता में जिला शहर कांग्रेस कमेटी की अध्यक्ष राजकुमार पचौरी, जिला ग्रामीण अध्यक्ष डॉ आनंद अहिरवार मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी की महासचिव रेखा चौधरी, प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता डॉ संदीप सबलोक तथा पीसीसी के जिला सह प्रभारी सुनील बोरसे मुख्य रूप से मौजूद थे। पत्रकार वार्ता का संचालन जिला कांग्रेस प्रवक्ता एवं उपाध्यक्ष आशीष ज्योतिषी तथा आभार प्रदर्शन प्रवक्ता अवधेश तोमर ने किया। इस दौरान सेवादल जिला शहर अध्यक्ष सिंटू कटारे, महेश जाटव, पप्पू गुप्ता, विजय साहू, शैलेंद्र तोमर,सुरेंद्र चौबे,शाहरुख़ खान,आनंद हेला भी मौजूद रहे। महेंद्र जोशी ने कहा कि प्रदेश में लगातार चार बार से सत्ता में रहने वाली भाजपा सरकार सत्ता के नशे में इतनी मदमस्त हो गई है कि आज प्रदेश का हर वर्ग परेशान है। चाहे दलित हो, आदिवासी हो, महिलाएं हो, किसान हो या युवा हो सब भाजपा सरकार की जन विरोधी नीतियों से परेशान और हलाकान है। प्रदेश की जनता पर विभिन्न तरह टैक्सों के माध्यम से इतना आर्थिक बोझ लादा जा रहा है कि वह त्राहिमाम कर रहा है और महंगाई की मार से जूझकर पूरा जीवन संकट और संघर्ष से गुजार रहा है। गरीब, मध्यमवर्गीय परिवारों को दो जून की रोटी भी नसीब नहीं हो पा रही है। बढ़ते अपराधों से प्रदेश में अराजकता का माहौल बना हुआ है जिससे लोग भय और आतंक के साए में जी रहे हैं। माताओं-बहनों की आबरू तार-तार हो रही हैं, फिर भी सरकार नींद में सोई हुई है। कानून-व्यवस्था ध्वस्त है और भाजपाई मदमस्त हैं। प्रदेश की भाजपा सरकार किसानों पर वार पर वार कर रही है। प्रदेश में पिछले 20 सालों से भाजपा सत्ता में है। तत्कालीन मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने किसानों के साथ हमेशा धोखा किया है। अपने आप को किसान पुत्र बताने वाले शिवराज सिंह चौहान ने किसानों से वादा किया था कि वह उनकी आय को दोगुनी करेंगे और खेती को लाभ का धंधा बनाएंगे। ना तो उनकी आय दोगुनी हुई और ना ही खेती लाभ का धंधा बनी, उल्टे किसानों पर कर्ज का बोझ लाद दिया गया। किसानों को ना खाद दिया, ना बिजली और ना ही पानी। विधानसभा चुनाव में शिवराज सिंह चौहान ने किसानों को झूठे सब्जबाग दिखाए। अपने संकल्प पत्र में फिर एक बार किसानों को भ्रमित कर धान का 3100 रूपये और गेहूं का 2700 रुपए समर्थन मूल्य देने का वादा करके सरकार बना ली। लेकिन किसानों से किये वादों से पूरी तरह मुकर गई। उन्हें न तो धान का 3100 रूपये और न ही गेहूं का 2700 रुपए समर्थन दिया, जिससे किसान हमेशा ठगा ही गया।
खाद बीज बिजली के संकट से जूझता किसान जैसे तैसे फसल मंडी में बेचने गया तो उसे दिनों-दिन लाईन में लगा रहा और फसल के औने-पौने दाम मिले। इससे किसान आत्महत्या करने के लिए विवश हुआ और पिछले 4 साल में हजारों किसानों ने आत्महत्या कर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली। खाद बीज की कालाबाजार की जा रही है और किसानों द्वारा आवाज उठाने पर उन्हें बेरहमी के साथ लाठियों से पीटा जा रहा है। पत्रकारों के सवाल पर जिला कांग्रेस शहर अध्यक्ष राजकुमार पचौरी ने घोषणा करते हुए कहा कि यदि पार्टी दिशा निर्देश देगी तो इस हृदयविदारक घटना में मृतक परमार दंपत्ति के अनाथ हुए एक बच्चे के लालन पालन की संपूर्ण जिम्मेदारी वे स्वयं लेंगे। उन्होंने आरोप लगाया कि नगर निगम और स्मार्ट सिटी द्वारा विकास के नाम पर विनाश का महाभ्रष्टाचार किसी से छिपा नहीं है। बात चाहे तालाब सौंदर्यीकरण की हो या सड़कों नालियों के निर्माण की, हर स्तर पर भ्रष्टाचार चरम पर है। भ्रष्टाचार की रकम के बंटवारे को लेकर भी महापौर, निगम अध्यक्ष, विधायक मंत्री और पूर्व मंत्रियों में लगातार तलवारें खिंची हुई हैं और जनता परेशान हैं। भाजपा में आपसी कलह के चलते जिले का पूरा प्रशासन निरंकुश होकर काम कर रहा है जिस कारण हत्याएं और अपराध तेजी से बढ़ रहे हैं और विकास कार्य ठप्प पड़े हैं। प्रदेश में महिलाओं और बच्चियों पर बढ़ते अपराध से प्रदेश की बहन-बेटियां सुरक्षित नहीं है। महिलाएं-बच्चियां न तो घर में सुरक्षित हैं और ना ही घर के बाहर। एक साल की बच्ची से लेकर 70 साल तक की बुजुर्ग महिला भाजपा सरकार में शोषण, बलात्कार और अत्याचार का शिकार हो रही है। प्रदेश में पिछले पौने 3 साल में 28857 महिलायें गायब हुई हैं। रोज औसतन 28 महिलाएं और 3 बच्चियां गायब होने के प्रकरण दर्ज किये गये, दुर्भाग्य की बात है कि 724 गुमशुदगी के प्रकरण दर्ज किये गये हैं। 7 माह में 2319 बलात्कार और 150 से अधिक सामूहिक बलात्कार की घटनाएं सामने आयी हैं। जिसमें 3 साल से 60 साल की महिलाएं शिकार हुई हैं। महू में सेना के अधिकारियों की महिला मित्रों के साथ दुष्कर्म, उज्जैन में फुटपाथ पर महिला के साथ दुष्कर्म की घटना सहित तमाम घटनाएं महिला सुरक्षा को लेकर भाजपा सरकार की लापरवाही को साबित कर रही हैं। स्कूलों, कोचिंग सेंटरों, छात्रावासों और खुद के घर के अंदर भी बच्चियां सुरक्षित नहीं है।
ना युवाओं को नौकरी ना रोजगार यही है भाजपा सरकार
प्रदेश में युवाओं का भविष्य चौपट हो रहा है। लाखों की संख्या में नौकरी देने का वादा करने वाली तत्कालीन शिवराज सरकार और वर्तमान मोहन यादव सरकार युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रही है। नौकरी के नाम पर पिछले चार साल में एक भी सरकारी नौकरी किसी भी युवा को नहीं मिली है। रोजगार देने के नाम पर फिसड्डी सरकार ने न केवल बेरोजगार युवाओं को बल्कि कॉलेज के अतिथि विद्वान, स्कूलों के अतिथि शिक्षक, संविदा बिजली और स्वास्थ्य कर्मचारी, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायकों जैसे सभी वर्गों को भी झूठे सब्जबाग दिखाये। प्रदेश के युवाओं को अपराध की ओर धकेला जा रहा है। भाजपा सरकार प्रदेश को नशेडी प्रदेश बनाने पर तुली है ।
दलित आदिवासियों पर अत्याचार यही है भाजपा सरकार
प्रदेश दलितों और आदिवासियों पर अत्याचार की घटनाओं में देश में अव्वल दर्जे पर है। दलितों पर अत्याचार की घटनाएं आये दिन सामने आ रही है। नीमच, मंदसौर, डिंडौरी, बालाघाट, हरदा, सीहोर, जबलपुर, सागर, छतरपुर, टीकमगढ़, इंदौर सहित प्रदेश के अधिकांश जिलों में दलितों और आदिवासिंयों पर अत्याचार हो रहे हैं। लेकिन सरकार मूकदर्शक बनी हुई है।भाजपा और सरकार से जुड़े घोषित दबंगों द्वारा इन घटनाओं को अंजाम दिये जाने के बाद भी पुलिस- प्रशासन, सरकार और भाजपा नेताओं के दबाव में कोई सख्त कार्यवाही नहीं कर पा रहा है।
अपराधियों की शरण स्थली बना प्रदेश यही है भाजपा सरकार
प्रदेश में अपराध इतने बढ़ गये हैं कि अपराधी बेखौफ होकर अपराध को अंजाम दे रहे हैं। दिनदहाड़े दिल- दहला देने वाली घटनाएं प्रदेश में घटित हो रही हैं। लेकिन प्रदेश की कानून-व्यवस्था पूरी तरह दिवालिया हो चुकी है। प्रदेश में अपराधों का कोई छोर नहीं है। दलित, आदिवासी, महिला, युवा, किसान, छोटी बच्चियां, बच्चे सभी अपराधियों का शिकार हो रहे हैं। चौथी बार बनी भाजपा सरकार को एक साल पूरा हो चुका है, फिर भी मुख्यमंत्री ही गृह मंत्री के पद पर कुंडली मार कर बैठे हैं। ऐसे में न तो वे मुख्यमंत्री का दायित्व सही तरीके से निभा पा रहे हैं और न ही गृहमंत्री का। जिससे प्रदेश अपराधियों की शरण स्थली बनता जा रहा है। प्रदेश में अपराधों का कोई छोर नहीं है। पूरे प्रदेश में अराजकता का माहौल बना हुआ है।
जनता पर कर्ज का बोझ और महंगाई की मार यही है भाजपा सरकार
तरह-तरह के टैक्सों और वसूली से प्रदेश की जनता जूझ रहीं है। बिजली के भारी भरकम बिलों, पानी की किल्लत फिर भी भारी भरकम बिलों के भुगतान, नगर निगम की तानाशाही से जनता जूझ रही है। वही प्रदेश में व्याप्त भारी महंगाई ने जनता की कमर तोड़ दी है। राशन- पानी के लिए गरीब, मजदूर और मध्यम वर्ग परिवार जूझ रहा है। सब्जी, दाल, तेल से लेकर खाने की हर सामग्री इनती महंगी है कि जनता महंगाई की मार से दो वक्त की रोटी भी सही से नहीं जुटा पा रही है।
ना हुई किसानों की आय दोगुनी ना बना खेती लाभ का धंधा, माफियाओं का राज, फल फूल रहा है भाजपाइयों का गोरखधंधा, यही है भाजपा सरकार -
शिवराज सरकार ने किसानों को सब्जबाग दिखाये थे कि किसानों की आय दोगुनी करेंगे, खेती को लाभ का धंधा बनायेेंगे, न आय दोगुनी हुई न खेती लाभ का धंधा बनी। उल्टा किसानों को खाद-बीज की किल्लत से जूझना पड़ रहा है। किसानों को ना ही खाद मिल रहा है ना बीज। खाद-बीज की कालाबाजारी हो रही है, जिससे भाजपाईयों का गोरखधंधा फल-फूल रहा है। प्रदेश में तरह-तरह के माफिया हावी हो गये है। शिक्षा माफिया, चिकित्सा माफिया, भू-माफिया, रेत-माफिया, खनिज-माफिया, पेपर-लीक माफिया। प्रदेश में माफियाओं की सरकार चल रही है।
कानून व्यवस्था का नहीं कोई ख़ौफ़ अपराधी जमा रहे हैं रोब, यही है भाजपा सरकार
प्रदेश में अपराधियों के बीच कानून का कोई खौफ़ नहीं है। अपराधी खुलेआम घूम रहे हैं और अपराध को अंजाम देने के बाद पुलिस-प्रशासन भी उनका कुछ बिगाड़ नहीं पाती। क्योंकि उन्हें सरकार और भाजपा नेताओं का संरक्षण प्राप्त होता है। इस कारण प्रदेश में अपना रौब जमाकर अपराधी माफिया जनता पर हावी होता जा रहा है और पुलिस की नाक के नीचे घटना को अंजाम देने के बाद भी वह खुलेआम घूमता है।
सीहोर जिले के आष्टा में भाजपा के आतंक से मनोज परमार दम्पत्ति द्वारा आत्महत्या कर मौत को गले लगाने की हृदयविदारक घटना पर कांग्रेस नेता महेंद्र जोशी ने कहा कि यह मध्यप्रदेश के माथे पर एक ऐसा शर्मनाक कलंक है जिसे भाजपा और सरकार कभी मिटा नहीं पाएगी। यह दुर्दांत घटना इस बात को भी प्रमाणित करती है कि भाजपा किस हद तक नीचे गिरकर भय और आतंक के सहारे जबरिया रूप से लोगों को पार्टी से जोड़ रही है तथा इस देश से वैचारिक अभिव्यक्ति और संविधान की आजादी को खत्म कर रही है।
जिला ग्रामीण अध्यक्ष डॉ आनंद अहिरवार ने कहा कि मंत्री, पूर्व मंत्री, विधायकों, सांसद, महापौर, पार्षदों के बीच अंतर्कलह अखबारों की सुर्खियों और सड़कों पर जनचर्चा तक पहुंच चुकी है जिसका नुकसान यहां की जनता को हो रहा है। जिले में हत्याएं और संगीन अपराध लगातार बढ़ रहे हैं विकास कार्य रुके पड़े हैं, प्रशासन में बैठे अधिकारी आम जनता तो दूर जनप्रतिनिधियों तक की नहीं सुन रहे हैं। अपराधी और माफिया तंत्र बेलगाम होकर लगातार अपराध कर रहे हैं और उन्हें राजनीतिक संरक्षण मिल रहा है।
वादे किए हजार, एक साल में मप्र बेहाल : यही है भाजपा सरकार
प्रदेश की भाजपा सरकार ने अपने चुनावी घोषणा पत्र (संकल्प-पत्र) का एक भी वादा पूरा नहीं किया। विधानसभा चुनाव 2023 में भाजपा ने मोदी गारंटी के नाम पर अपने घोषणा पत्र में महिलाओं को 3000 रूपये, किसानों को 3100 रूपये में धान और 2700 रूपये में गेहूं का समर्थन मूल्य, 450 रूपयें में घरेलू गैस सिलेण्डर, युवाओं को नौकरी देने की बात अपने संकल्प पत्र में कहीं थी। इतना ही नहीं शिक्षा, चिकित्सा, स्वास्थ्य, कानून व्यवस्था, महिलाओं का सम्मान, दलितों और आदिवासियों की रक्षा जैसे तमाम हजारों वादें किये थे। लेकिन भाजपा सरकार ने अपने संकल्प पत्र में से एक भी वादा पूरा नहीं किया।
जातिगत जनगणना पर बैर, करे विदेशों की सैर यही है भाजपा सरकार
भाजपा सरकार देश और प्रदेश में जातिगत जनगणना की विरोधी है। देश में वर्ष 2001 के बाद जनगणना नहीं हुई। अखिल भारतीय कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष श्री राहुल गांधी जी जातिगत जनगणना कराना चाहते हैं, ताकि हर वर्ग, हर जाति की संख्या सार्वजनिक हो सके। लेकिन भाजपा सरकार अपने स्वार्थ के लिए जातिगत जनगणना का विरोध कर रही है। भाजपा लोगों को आपस में लड़ाने और नफरत फैलाने की राजनीति कर रही है।
लोकतंत्र पर वार संविधान तार-तार यही है भाजपा सरकार
देश और प्रदेश में आज लोकतंत्र खतरे में है। विधानसभा के चुनाव हो या लोकसभा के चुनाव हो, नगरीय निकाय के चुनाव हो या पंच-सरपंच के भाजपा तानाशाही रवैया अपनाकर लोकतंत्र प्रणाली पर प्रहार कर रही है। शासन-प्रशासन पर दबाव बनाकर वह चुनावी प्रक्रिया पर हस्तक्षेप करती है जो देश के लोकतंत्र पर खतरा बनी हुई है। वहीं देश के संविधान को तार-तार करने में भाजपा कोई कसर नहीं छोड़ रही है। आज देश का संविधान खतरे में है। भाजपा द्वारा संविधान के साथ छेड़छाड़ कर अनुसूचित जाति-जनजाति वर्ग के लोगों के आरक्षण पर कुठाराघात किया जा रहा है।
सड़क से सदन तक संषर्घ का शंखनादस, सत्ता को नींद से जगाने विपक्ष का आगाज
कांग्रेस का प्रदेश व्यापी विधानसभा घेराव कार्यक्रम का आगाज 16 दिसम्बर को इसलिए किया जा रहा है, क्योंकि उस दिन से मप्र में विधानसभा का शीतकालीन सत्र प्रारंभ होने जा रहा है और भाजपा सरकार अपनी मनमानी कर जनता के हक और अधिकारों पर डांका डाल रही है। प्रदेश में न महिलाएं सुरक्षित हैं, न बच्चियों, न किसानों की समस्याओं पर कोई ध्यान दिया जा रहा है, न युवाओं के भविष्य पर। दलितों और आदिवासियों के साथ हो रहे दमनकारी अत्याचार और लोकतंत्र की हत्या कर संविधान को तार-तार करने वाली भाजपा सरकार के खिलाफ सड़क से सदन तक संषर्घ का शंखनाद कांग्रेस पार्टी द्वारा किया जा रहा है जो विपक्ष के माध्यम से सरकार को नींद से जगाने का आगाज है।
जनहित के मुद्दों और जनता की आवाज बुलंद
करने 16 दिसंबर को कांग्रेस का प्रदेश व्यापी विधानसभा घेराव
प्रदेश की भाजपा सरकार में गरीब और मध्यमवर्गीय तबका हर स्तर पर समस्याओं से जूझ रहा है। चाहे बच्चों की शिक्षा हो, स्वास्थ्य हो या उनके भविष्य की बात हो। प्रदेश की भाजपा सरकार उनके भविष्य को बर्बाद करने पर आमादा है। वहीं महिलाओं को 3000 रु से बढ़ाकर मुख्यमंत्री द्वारा 5000 रूपये देने की बात हो, उनके सम्मान और सुरक्षा की बात हो, किसानों को धान के 3100 रूपयें और गेहूं के 2700 रूपये समर्थन मूल्य की बात हो, 450 रूपये का गैस सिलेण्डर दने की बात हो, युवाओं की शिक्षा, नौकरी और रोजगार की बात हो, प्रदेश में व्यापक स्तर पर हो रहे भ्रष्टाचार की बात हो, कर्मचारियों के साथ हो रहे छल-कपट की बात हो, प्रदेश में व्याप्त बेहताशा महंगाई की बात हो या लोकतंत्र और संविधान की रक्षा की बात हो। जनहित के मुद्दों को लेकर जनता की आवाज को बुलंद करने कांग्रेस पार्टी प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष श्री जीतू पटवारी जी के आव्हान पर प्रदेश व्यापी विधानसभा घेराव करने जा रही है। घेराव कार्यक्रम में हजारों की संख्या में कांग्रेसजन शामिल होकर सरकार को कटघरे में खड़ा करेंगे और भाजपा को नींद से जगाने का काम करेंगे, ताकि सरकार जनता से किये वादों को पूरा करने के लिए बाध्य हो सके।