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शनिवार, 7 सितंबर 2019

जहाँ पर नही है शिक्षा का विस्तार,वहां के बच्चे भी हैं आगे।

जहाँ पर नही है शिक्षा का विस्तार,वहां के बच्चे भी हैं आगे।



//नरेंद्र अहिरवार//

दमोह (तेजगढ़)। कहते हैं कि समाज में सुधार चाहिए तो किसी एक शख्स को तो पहल करनी ही होगी। एक शिक्षक को समाज सुधारक इसलिए भी कहा गया है । आज पूरे देश  भर में टीचर्स डे (Teachers day) मनाया गया ऐसे में हम आपको एक ऐसे टीचर की कहानी बताने जा रहे हैं , जो समाज के ऐसे तबके के बच्चों को पढ़ाते हैं जिनके पूर्वजों का शिक्षा से कोई ताल्लुक़ नही हैं। 
कामयाबी और सपनों में बड़ा गहरा रिश्ता होता है। जब मेहनत इरादों के रथ पर सवार होकर अपने सफर पर चल पड़ती है तो लाख मुसीबतों के बाद भी सफलता कदम चूमने को बेकरार हो जाती है। हम बात कर रहे हैं ऐसे शिक्षक की जो लोहगढिया समाज के बच्चों को बुनियादी शिक्षा देकर शिक्षा का उजाला फैला रहे हैं और उनकी जिंदगी रौशन कर रहे है।     
लोहगढिया समाज के लोग पिछले 20 वर्षों से अधिक समय से तेजगढ़ में निवास करते आ रहे हैं ओर समय समय पर काम के लिए यहां से पलायन भी करना पढ़ता हैं ऐसे में बच्चों का स्कूल में प्रवेश नही कराते ओर बच्चे शिक्षा से महरूम राह जाते हैं ऐसे में  तेजगढ़ निवासी शोऐब पठान जो पेशे से शिक्षक हैं ओर लोहगढिया समाज के लोग उन्हें सेट्टी सर के नाम से पुकारते हैं,  वे , लोहगढिया समाज के दो दर्जन से अधिक बच्चों को सुबह से निःशुल्क शिक्षा देते हैं ताकि उनको बुनियादी शिक्षा प्राप्त हो सके और  उनका भविष्य सुधर सके।
               आज शिक्षक दिवस के अवसर पर लोहगढिया समाज़ के बच्चों और वरिष्ठ जनों के साथ सुबह शिक्षक दिवस मनाया ओर बच्चों को चॉकलेट वितरित की गईं , ऐसे में लोहगढिया समाज के बच्चे उत्साह और उमंग से लबरेज़ दिखे।