गर्मी लगने से पहले, ग्रामीणों को पीने के पानी की बनी दुविधा।
लम्बी दूर से ला कर महिलाये बुझा रही परिवार जनों की प्यास।
कई वर्षो से ठप पड़ी मुख्यमंत्री नलजल योजना।
बडामलहरा(छतरपुर)। वैसे ही बारिश के महीनों में बारिश कम हो रही है और कुछ ग्रामीण अंचलों में पानी की समस्या भारी भरकम है।
ऐसा जनपद पंचायत बड़ामलहरा ग्राम पंचायत अमरवा के ग्राम कचरा का हाल बेहाल बना हुया है।
जहां समूचे ग्राम में पीने के पानी का बड़ी समस्या है ।
जहां पर करीबन 1500 सौ से ज्यादा आबादी है लेकिन ग्राम में केबल आठ शासकीय हेण्डपम्प है। जिसमें से चार हेण्डपम्प चालू है तो चारो हेण्डपम्प में पानी की कमी है ।
बाकी चार हेण्डपम्प की हालात बड़ी दयनीय है जो कि पूर्णरूप से कई बर्षो से खराब पड़े हुए है।
एक पंचबर्षीय के पहले मुख्यमंत्री नलजल योजना का हुआ था शुभारंभ।
करीबन छह सात साल पहले इस ग्राम में मुख्यमंत्री नलजल योजना के अंतर्गत समूचे ग्राम घर-घर पानी पहुंचाया जाया करता था।उसी समय ग्राम की महिलाएं बड़ी खुश नजर आती थी कि हमारे ग्राम में शासन के द्वारा सही समय पर पानी दिया जा रहा है ।यह खुसी कुछ समय तक ही टिक पाई।
लेकिन यह योजना केबल दो चार छह महीने ही ठिक पाई थी बाकी अब तो गाँव बालो को यह भी पता नही है कि उक्त मुख्यमंत्री नलजल योजना का बिजली मोटर पम्प कहा गया और कहा आधी अधूरी लाइन गयी है ।
शासन के खजाने का लाखों रुपयों का दुरप्रयोग देखने को मिला है जिसका जीता जागता उदाहरण उक्त समूचे जनपद पंचायत में मुख्यमंत्री नलजल योजना है। ना मोटर पम्प का पता है ना ही उन पानी बालो नलों का पता है ।
ग्राम की महिलाओं का कहना है कि हमारे गाँव मे पानी नही है गाँव के बाहर से प्राइबेट ट्युवबेल से पानी भरते है जो करीबन एक डेड किलोमीटर प्यास बुझाने के लिए ढो कर लाना पड़ता है।
वही अगर गाँव मे बिजली नही है तो गाँव मे किसी प्रकार की कोई पीने के पानी व्यवस्था नही रहती है जिससे पूरे गाँव के मबेसी भी प्यासे दर दर भटकते रहते है।
इनका कहना है कि....
जहां-जहां खराब पड़ी मुख्यमंत्री नलजल योजना वहां दिखवाता हूं। इस संबन्ध में ग्राम पंचायत पदाधिकारियों से बात करता हूँ जल्द से जल्द ठीक करवाया जाएगा।
इस संबन्ध में मेरी पीएचई के एसडीओ साहब से भी बात हुई है जल्द समस्या का निधान किया जाएगा।