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शुक्रवार, 23 अक्टूबर 2020

निवाड़ी। नगर परिषद तरीचरकला मे करोड़ो की धाधली कमीशन खोरो ने लाखो डकारें, जांच में फसे आरोपियों को बचाने की लगी होड।



//विवेक भास्कर//

नेटवर्क निवाडी। जिला मुख्यालय से लगभग 12 किलोमीटर दूरी पर स्थित तरीचरकला नगर परिषद मे करोडों की धाधली करके कमीशन खोर अधिकारी कर्मचारियों ने बेहिसाब फर्जी बिल भुगतान कर नगर परिषद को लाखो की हानि पहुचायी है । 

जिस बजह से खजाना लगभग खाली सा हो गया और अब नगर परिषद कंगाल अवस्था में है ।

उक्त आशय की जानकारी देते हुए असंतुष्ट नगर वासियों ने बताया कि नगर परिषद की विभिन्न मदो के  कई खातो से राशि अहारण करके तत्कालीन सीएमओ और उनके सहकर्मियों ने मिलकर विभिन्न मदो की रकम अनुचित खातो में स्थान्तरण कर करके सरकारी धन का बंदरबांट कर लिया है ।

 घटिया सामान खरीदी कांड में फसे सीएमओ और  प्रभारी लेखापाल को बचाने में सत्ता के कद्दावर नेता लगे हुए है ।

सामान खरीदारी की आड मे बेहद सस्ती वस्तुएं व अन्य सामान वाहन सहित मरम्मत व घटिया निर्माण कार्यों मे राशि खपत कर दी गयी है ।

 मूल्य से दस गुना ज्यादा फर्जी  बिल बनाकर राशि अहारण की शिकायते भी स्थानीय वासिंदो के द्वारा की गयी थी  ।

तथा सैकडो ग्रामीणो ने कलेक्ट्रेट जाकर कलेक्टर शिकायत करते हुए बताया था कि नगर परिषद के खजाने से बेहिसाब रकम अहारण करके फर्जी बिल वाउचर  भुगतान कर लिये गये है ।

वर्तमान में नगर परिषद पूरी तरह कंगाल हो चुकी है ।

सरकारी योजनाएं आर्थिक अभाव के कारण सुचारू रूप से संचालित नही कि जा रही है ।

विकास और निर्माण कार्य बंद पडे है ।

उक्त आशय की जानकारी देते हुए  सीएमओ नबाब सिंह ने बताया कि योजनाओं का क्रियान्वयन नही हो पा रहा है ।

परिषद के विभिन्न खातो में भी पर्याप्त राशि नही होने की बजह से भी आवश्यक कार्य रूके पडे है

उक्त संबंध में वरिष्ठ अधिकारियों से शिकायत की जा चुकी है ।

परन्तु आरोपियों को बचाने की नियत से जांच में विलम्ब हो रहा है  ।

•  दलाल और चोर गिरोह सक्रिय।

नगर परिषद में तात्कालीन सीएमओ और उनके अधिनस्त निकाय कर्मचारियों की मिलीभगत के चलते कमीशन खोरो के मध्य सरकारी धन का बंदर बांट बडे पैमाने पर  हुआ है ।

इस पूरे षड्यंत्र में एक स्थानीय कद्दावर नेता की भूमिका अहम मानी जा रही है ।

बता दे कि एक माह पूर्व तत्कालीन सीएमओ के इशारे पर चोरी से निकाली जा रही पाइप लाइन की घटना का खुलासा हुआ था।

चोर गिरोह पाइपों से भरा ट्रेक्टर एक दबंग के बाडे मे छुपाएँ हुये थे ।

 पाइपों की अनुमानित कीमत लगभग चार लाख से अधिक बतायी जाती है ।

उक्त घटना की जानकारी नगर परिषद सीएमओ नबाब सिंह को मिलते ही वह कर्मचारियों को साथ लेकर तुरंत मौके पर पहुंचे थे ।  

किन्तु घटना की रिपोर्ट करने के पूर्व ही ऊचे दर्जे की राजनीति आडे आ जाने के कारण आरोपियों के खिलाफ कार्यवाही होते होते इस  बच गयी थी ।

तथा चोरी से उखाडी गयी पाइप लाइन के पाइपों को आरोपियों ने सीएमओ को सुपुर्द कर दिया था जो आज भी नगर परिषद मे सुरक्षित रखी हुयी है ।

इस घटना के पूर्व भी कई और चोरी की घटनाएं घटित हो चुकी है ।

चर्चा तो यह भी है कि नगर परिषद अधिकारी श्री नबाब सिंह ने उक्त घटना की रिपोर्ट पुलिस चौकी में की भी परन्तु विधानसभा क्षेत्र का एक  कद्दावर नेता  आरोपियों के बचाव में खुलकर आ गया था जिसकी बजह से आरोपियों का बचाव हो गया था ।

•  तीन दिन अंधेरे में रहा शहर, कलेक्टर ने रोशन कराया ।

बीते तीन दिनों से नवदुर्गा महोत्सव के दौरान तरीचरकला में बिजली गायब रहने की बजह से पूरी तरह नगर मे अंधेरा रहा 

 नगर के विभिन्न वार्डों व इलाको में खडे सूने विधुत  खम्मो पर स्टीड लाइट , बल्प लगाने हेतु सीएमओ लगातार बिजली विभाग के ओआईसी अजय प्रजापति से आग्रह करते रहे परन्तु विजली विभाग के तरीचर क्षेत्राधिकारी  श्री प्रजापति लाइन हैल्पर देने को तैयार नही थे ।

उन्होंने सीएमओ को साफ इंकार करते हुए कहा था कि कोई भी बिजली कर्मी बस्ती के खम्भे पर  चढने के लिये नही दूंगा ।

सीएमओ के अकथ प्रयास करने के बाबजूद भी विधुत अधिकारी नानुकुर कर रहे ।

जिससे तंग आकर तीन दिन से प्रकाश व्यवस्था ध्वस्त होते देख सीएमओ ने कलैक्टर श्री आशीष भार्गव जी को फोन पर बिजली समस्या की जानकारी देते हुए शिकायत की तब कही कलेक्टर की पहल पर ओआईसी प्रजापति ने एक लाईन हैल्पर कैलाश बहादुर पटैरिया को भेजा ।

बता दे कि तरीचरकला में तीन लाइन हैल्पर बालकिशन रैयकवार , रौकी विरथरे , उमेश कुशवाहा पूर्व से ही तैनात है परन्तु इसके बाबजूद भी ग्रामीण क्षेत्र में कार्यरत्त लाइन हैल्पर कैलाश बहादुर पटैरिया को संकटकालीन बिजली सेवाओं में अधिकांश लगाया जाता है।