//विन्द्रावन विश्वकर्मा//
घुवारा(छतरपुर)। परमार्थ समाज सेवी संस्था द्वारा वर्षा जल संरक्षण एवं गिरते भूजल स्तर के 100 दिवसीय श्रमदान अभियान शुरू किया है जिसके चलते आज ग्राम पंचायत रामटोरिया गांव के गुंजोरा हनुमान मंदिर के पास स्थित तालाब में श्रमदान करके जीर्णोद्धार का काम शुरू कर दिया है। संस्था के प्रमुख मानवेंद्र सिंह ने बताया कि जलसंरक्षण पर ध्यान नहीं देने के कारण ही लगातार भू-जलस्तर गिर रहा है। ऐसे में यदि जल संरक्षण नहीं किया गया, तो आने वाली पीढियां बूंद-बूंद पानी के लिए तरसेंगी इन्होंने कहा कि जलसंरक्षण का सबसे अच्छा तरीका तालाब है। इसमें बारिश का पानी संरक्षित किया जा सकता है। उन्होंने गांववालों को आसपास के तालाबों को श्रमदान से पुर्नजीवित करने का आह्वान किया। ताकि बारिश के पानी को बेकार बहने से रोका जा सके। संस्था के आह्वान का असर रहा कि परमार्थ समाज सेवी संस्था की जल सहेलियों एवं गांव के लोगों ने श्रमदान कर तालाब को दुरूस्त करने का काम शुरु कर दिया है जिससे आने वाली पीढ़ी को जल संकट से नही जूझना होगा भरपूर मात्रा में मिलेगा जल संस्था के जिला संयोजक धनीराम रैकवार ने बताया है की जल संरक्षण के साथ नदियों के पुनर्जीवन करने को 100 दिवसीय श्रमदान का कार्य किया जा रहा जिसमे परमार्थ समाज सेवी संस्था की जल सहेलियों और ग्रामीणों के सहयोग से तालाबों के जल संरक्षण के साथ साथ गहरीकरण भी हो रहा संस्था द्वारा चलाए जा रहे इस अभियान में जल सहेलियां प्रतिदिन श्रमदान कर रही हैं इस प्रकार से संस्था के प्रदेश समन्वयक और जिला संयोजक और के नेतृत्व में जल सहेलियां तालाब पर पहुंचकर श्रमदान करती हैं जिससे तालाब में 12 महीने पानी बना रहेगा और गावों का जलस्तर भी बढ़ेगा। उन्होंने यह कहा कि इस तरह के भागीरथी प्रयास आगे भी जारी रहेंगे। इसमें समाजसेवी संस्था के सभी कार्यकर्ता और सभी जल सहेलियां प्रमुखता से अपनी भूमिका निभा रही।