प्रधानमंत्री के इस अभियान की कागजी खानापूर्ति आ रही सामने।
स्वच्छ भारत अभियान के तहत बनायें गये गुणवत्ताहीन शौचालय में रखे हुए है लकड़ी और कंडे।
//अक्षय जैन//
बड़ामलहरा(छतरपुर)। जनपद क्षेत्र में स्वच्छ भारत अभियान के नाम पर मात्र खानापूर्ति हो रही है।जबकी हकीकत कुछ और ही है सरकार ने योजना पर करोड़ो रूपये खर्च कर दिए और सार्थक परिणाम सामने नही आ रहे है योजना अंतर्गत जितने भी शौचालय बनाये गए है उनमे अधिकांश तकनीकी मापदंडों के विपरीत है।
गुणवत्ताहीन शौचलयो में ग्रामीण शौच करने नही जा रहे बल्कि उनमे कबाड़-कंडा और भूसा भर रहे है।
जिला परियोजना समन्वयक ने पिछले दिनों विकासखण्ड क्षेत्र का दौरा किया तो उन्हें अनेक स्थानों पर ऐसी स्थिति देखने को मिली इसके अलावा पंचायत में उन्हें अन्य कमिया भी देखने को मिली सरपंच सचिब और रोजगार सहायक को कारण बताओ नोटिस जारी कर जबाब मांगा गया।
स्वच्छ भारत अभियान की टोह खोंलने के लिए भूपेंद्र सिंह गौतम जिला परियोजना समन्वयक जिला पंचायत छतरपुर ने स्थानीय जनपद क्षेत्र की अनेक ग्राम पंचायतों का भृमण किया पंचायतों में उन्हें ग्राम पंचायत मैं निर्मित शौचालय एवं अन्य कामों में लापरवाही देखने को मिली
प्रकाश अहिरवार व नाथुआ अहिरवार निवासी ग्राम पंचायत सिज्वहा को स्वच्छ भारत अभियान के तहत शौचालय निर्माण करवाया गया था निरीक्षण में पाया गया कि शौचालय में समान भरा था और शौचालय में एक ही गड्डा बनाया गया है।
साथ ही यहाँ जल संरचना कार्य में रुचि नही ली गई,कंटूर निर्माण कार्य बीच में रोक दिया गया ऐसे में निर्माण कार्य अधूरा है।
