दुराचारी को दस साल की कठोर कैद।
लवकुशनगर(छतरपुर)। नाबालिग को भगाकर ले जाने व उसके साथ दुराचार करने के मामले में कोर्ट ने अपना फैसला सुनाया है।
अपर सत्र न्यायाधीश केएन अहिरवार की अदालत ने आरोपी को दस साल की कठोर कैद के साथ तीन हजार रुपए के जुर्माना की सजा सुनाई है। जानकारी अनुसार 29 जनवरी 2015 को जुझारनगर थाना में सूचना दर्ज कराई कि 28 जनवरी की दोपहर करीब 12 बजे फरियादिया की नाबालिग बेटी दैनिक क्रिया के लिए गई थी।
जब वह घर वापिस नहीं आई तब उसकी तलाश की गई। जिसका कोई पता नहीं चला। राजकरण यादव निवासी पचखुरा खुर्द उप्र के खिलाफ संदेह होने की रिपोर्ट दर्ज कराई। विवेचना के दौरान पुलिस ने राजकरण को हिरासत में लेकर नाबालिग पीडि़ता को बरामद किया। पीडि़ता ने बताया कि राजकरण उसे बहला फुसला कर भगा ले गया था और उसके साथ दुराचार किया।
अभियोजन की ओर से अपर लोक अभियोजक श्रीकेश यादव ने पैरवी करते हुए मामले के सभी सबूत व गवाह कोर्ट में पेश किए और आरोपी को कठोर सजा देने की अपील की। अपर सत्र न्यायाधीश केएन अहिरवार की कोर्ट ने आरोपी राजकरण को दोषी ठहराते हुए आईपीसी की धारा 376 में दस साल की कठोर कैद एक हजार रुपए जुर्माना, धारा 363 में तीन साल की कठोर कैद एक हजार रुपए जुर्माना और धारा 366 में पांच साल की कठोर कैद के साथ एक हजार रुपए जुर्माना की सजा सुनाई।