//रमेश अग्रवाल (बुंदेलखंड प्रजेंट न्यूज़)//
ब्यूरो नेटवर्क पन्ना। जिले के देवेंद्र नगर कस्बा निवासी शिक्षक दंपति राम सखा श्रीमती सविता सिंह के पुत्र डॉ रजनीश एवं पुत्र वधू डॉ अंजू सिंह अपना घर परिवार छोड़कर मध्य प्रदेश के उज्जैन एवं देवास जिले में कोरोना कोविड 19 में लगातार सेवाएं दे रहे हैं और अपने क्षेत्र के लोगों को कोरोना संक्रमण की बीमारियों से बचा रहे हैं।
जिले के देवेंद्रनगर निवासी डॉ रजनीश कश्यप पिता रामसखा कश्यप सीएसपी उज्जैन में पदस्थ हैं उनके द्वारा उज्जैन महानगर में लगातार लोगों को कोरोना संक्रमण की बीमारी से बचाव हेतु जागरूक किया जा रहा है।
कोरोना महामारी के चलते डॉक्टर दंपत्ति विगत 3 माह से छुट्टी पर भी अपने घर नहीं आ रहे है। यही हालात सीएसपी डॉ रजनीश कश्यप की धर्मपत्नी श्रीमती डॉ अंजू सिंह पति रजनीश कश्यप का है जो कि मध्य प्रदेश के देवास जिले में मेडिकल ऑफिसर सहायक सर्जन के पद पर सेवाएं दे रही हैं। अपने क्षेत्र के लोगों को स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ देने के साथ ही कोरोना कोबिड 19 के बारे में लोगों को जागरूक कर रही हैं। जब से संक्रमण प्रदेश में फैला है डॉ अंजू सिंह भी अवकाश लेकर घर नहीं गई हैं। देवेंद्रनगर के डॉक्टर दंपति की सेवा भाव को देखते हुए स्थानीय लोगों द्वारा जहां एक और उनकी सराहना की जा रही है। वही डॉक्टर दंपत्ति के खुशहाल रहने एवं स्वस्थ रहने की पन्ना जिले वासियों द्वारा दुआएं की गई हैं।
सीएसपी डॉ रजनीश कश्यप ने... दूरभाष पर जानकारी देते हुए बताया कि उज्जैन महानगर में अभी तक लगभग 200 से अधिक कोरोना पॉजिटिव मरीज प्राप्त हो चुके हैं। जिसकी वजह से पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में सतत निगरानी की जा रही है और पुलिस विभाग द्वारा मजदूर असहाय गरीबों की मदद की जा रही है। उन्होंने कहा कि जब तक इस महामारी कोरोना संक्रमण को पूरी तरह से काबू नहीं किया जा सकता है। तब तक अवकाश पर घर नहीं जाएंगे।
● दो वर्ष के बेटे यशवर्धन की भी निभाते हैं जिम्मेदारी।
जिले के देवास जिले में डॉ अंजू सिंह द्वारा मेडिकल ऑफिसर सहायक सर्जन के पद पर कोरोना संक्रमण बीमारी में अपनी सेवाएं दी जा रही हैं। उनके साथ में उनका एक 2 वर्षीय पुत्र यशवर्धन भी साथ रहता है । जिनकी देखरेख एवं जिम्मेदारी के लिए उन्होंने अलग से व्यवस्था वहीं पर सुनिश्चित की है और बेटे की सुरक्षा के साथ साथ अपने क्षेत्र के मरीजों को बेहतर उपचार सुविधाएं दे रही हैं।डॉ अंजू सिंह ने बताया कि... यह समय बहुत ही खतरे भरा है। क्योंकि देवास जिले में भी कोरोना संक्रमण के केस दिन पर दिन बढ़ते जा रहे हैं।
जिनको नियंत्रण में लाने के लिए देवास जिला प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग तथा पुलिस विभाग द्वारा लगातार प्रयास किए जा रहे हैं और सभी जिम्मेदार अधिकारी कर्मचारी इस कार्य में दिन-रात लगे हुए हैं। ऐसे में जिन अधिकारियों के बच्चे छोटे हैं उनके लिए बहुत ही परेशानियों से भरा रहता है। लेकिन प्रदेश वासियों की सुरक्षा हर जिम्मेदार अधिकारी कर्मचारी का दायित्व होता है। इसके बाद उनके लिए अपना परिवार होता है और इसी कर्तव्यों को लेकर के उन्होंने विगत 3 माह से अपने क्षेत्र की जनता की सुरक्षा को देखते हुए अवकाश भी नहीं लिया है।