//सौरभ जैन//
ब्यूरो छतरपुर। छतरपुर जिले में संचालित परियोजना "जेंडर आधारित हिंसा" को कम कर महिला हितेषी पंचायत बनाना है। यह परियोजना समर्थन सेंटर फॉर डेवलपमेंट संस्था और यूएनएफपीए के वित्तपोषण से संचालित है।
गांव-गांव तक शासन की योजनाओं को पहुंचा रहे हैं युवा वॉलिंटियर को गूगल मीट के माध्यम से राज्य एवं केंद्र शासन की कोबिड-19 महामारी से बचाव व सहायता हेतु शासन द्वारा संचालित योजनाओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई जिसमें प्रमुख रुप से जिले के 8 विकासखंड के 50 ग्राम पंचायतों से युवा एवं 12 संस्था के कार्यकर्ता शामिल रहे।
आज के वेबीनार में प्रशिक्षक की भूमिका में रिचा सिंह एवं राजेश यादव, तकनीकी सहायता पल्लवी शर्मा के द्वारा रहा, राज्य स्तर से श्रद्धा कुमार एवं पंकज पांडे का मार्गदर्शन मिला, जिले स्तर पर ज्ञानेंद्र तिवारी एवं राहुल निगम का विशेष सहयोग रहा ।
आज के बेविनार में प्रमुख योजना राष्ट्रीय परिवार सहायता योजना, संबल योजना संनिर्माण कर्म कार/मंडल योजना, प्रधानमंत्री जीवन ज्योति बीमा योजना 330 रुपए, पात्र परिवारों को निशुल्क राशन वितरण, पंचायत स्तर पर आइसोलेशन सेंटर, ऑक्सीमीटर, थर्मामीटर दवाइयों व उपकरण की उपलब्धता, किल कोरोना सर्वे कार्य, निशुल्क उपचार हेतु आयुष्मान भारत योजना, पूरक पोषण आहार योजना, मुख्यमंत्री कोविड-19 जन कल्याण योजना शासन की इन 9 योजनाओं पर आज युवाओं से विस्तार से बातचीत की गई। जिसमें योजना का परिचय, पात्रता के नियम व शर्तें, आवेदन प्रक्रिया, योजना का लाभ, पात्र व्यक्ति के संबंधित व आवश्यक दस्तावेज, अपात्र कौन हो सकता है, आवेदन करने का स्थान व नोडल संस्था उसके बारे में विस्तार से जानकारी दी गई।
वेबीनार में जमीनी स्तर पर आ रही कठिनाइयों और युवाओं के द्वारा किए गए प्रयास सफलता और कुछ महत्वपूर्ण सवालों पर चर्चा की गई जो सवाल सामने आए हैं वह इस तरह हैं।
श्रद्धा कुमार के द्वारा पूरे सत्र पर विचार व्यक्त करते हुए छतरपुर जिले के युवा साथियों का अभिवादन करते हुए जमीनी स्तर पर अंतिम व्यक्ति तक योजनाओं को पहुंचाने में जो भूमिका युवा की है अहम है, पूर्व में भी युवाओं के द्वारा कई महत्वपूर्ण कार्य किए गए जिनकी वजह से कोविड-19 महामारी में कई परिवारों को आज भी लाभ मिल रहा है।
इस कठिन दौर में हमें उन परिवारों का चिन्हांकन करना है जो वास्तव में जरूरतमंद है और कठिन समय में जीवन यापन मुश्किल हो रहा है हमारी टीम छतरपुर के प्रत्येक विकासखंड में है आप सभी इनसे सहयोग लेकर इस कार्य को आगे बढ़ाएं और जहां भी हम लोगों की जरूरत होगी हम सभी आपके साथ हैं।
राहुल निगम ने भी अपने अनुभव को साझा करते हुए कहा कि हमें आवेदन करने से पहले अपने दस्तावेज और पात्रता को समझना होगा कि हम किस प्रकार से उस योजना का लाभ ले सकते हैं सही और पूर्ण दस्तावेज जमा करना अति आवश्यक है वही योजना से लाभ दिलाने का आधार बनता है इसके पूर्व हम शासन की वेबसाइट से पात्रता के बारे में जान सकते हैं।
युवा अशोक दुबे लवकुश नगर- किसी परिवार के मुखिया की कोविड-19 से मृत्यु होने पर उस परिवार को लाभ कैसे मिल सकता है?
ज्ञानेंद्र तिवारी ने स्पष्ट करते हुए कहा ऐसे परिवार को मुख्यमंत्री कोविड-19 जन कल्याण योजना से पेंशन ,शिक्षा एवं राशन से जुड़ सकते हैं वशर्तें परिवार के पास चाहे गए पात्र दस्तावेज हो।
युवा भूपेंद्र नौगांव - पात्रता पर्ची आवेदन जमा हो चुके हैं प्रक्रिया में बहुत देरी हो रही है ऐसा क्यों?
पंकज पांडे जी ने बताया कि शासन की काम करने की एक व्यवस्थित प्रणाली होती है उसके तहत वह काम समस्त प्रक्रिया और कार्यवाही को ध्यान में रखकर करते हैं कई बार योजनाओं के देरी से लाभ मिलने कि कई स्थितियां बनती है जैसे आवेदन का समय पर ना करना, दस्तावेजों का संलग्न, शासन के बेवसाइट पर आवेदन जमा करना, अधिकारी की व्यस्तता काम की अधिकता से भी हो सकता है। राशन प्राप्त करने हेतु शासन के द्वारा 24 प्रकार की जो पात्रता बताई गई है उस पर भी विस्तार से चर्चा की गई।
युवा नीरज वर्मा- मेरे द्वारा 2 वृद्धा पेंशन एवं 1 विधवा पेंशन के फॉर्म भरे गए 2 माह हो गए अभी तक उनका नाम योजना में नहीं जुड़ पाया ऐसी स्थिति में मुझे क्या करना चाहिए?
ज्ञानेंद्र तिवारी- अगर आपके पास पहले जमा किए हुए आवेदन की पावती है तो आप संबंधित कार्यालय में फॉलो कर सकते हैं यदि उस आवेदन की फोटोकॉपी है या आप नए आवेदन कर सकते हैं तो लोक सेवा केंद्र में समाधान एक दिन काउंटर पर जमा करें या फिर 30 दिन इसमें शीघ्रता से कार्य हो जाएगा।
इसी तरह रमेश अहिरवार, शुभम सोनकिया, राजेंद्र अहिरवार, राजकुमार, परसोत्तम, दुर्गेश ठाकुर ने क्षेत्र की जमीनी हकीकत रखते हुए आगामी समय में नई सीख के साथ क्रियान्वयन और नीति पर बात की गई।
विकासखंड की सभी ब्लॉक, राजेश यादव, साधमा खान, प्रवीण सिंह, रिचा सिंह, कस्तूरी कुशवाहा, संगीता मिश्रा, राम रूप द्विवेदी, कमल चंद्र सेन की इस वेबीनार में महत्वपूर्ण भूमिका रही उन्होंने गांव से युवाओं को प्रेरित करें इस कार्यक्रम में जोड़ा।