//अक्षय जैन//
बड़ामलहरा(छतरपुर)। पाल समाज के युवाओं ने महारानी अहिल्याबाई होल्कर की 296 जयंती सोशल डिस्टेंस को ध्यान रखते हुए मनाई गई।
इस मौके पर वक्ताओं ने उनके द्वारा किए गए कार्यों को याद करते हुए उनके बताए रास्ते पर चलने की शपथ ली।
पाल समाज के जिला मीडिया प्रभारी रूपेंद्र पाल ने बताया कि मालवा रियासत की महारानी अहिल्याबाई होल्कर की 28 वर्ष तक मालवा रियासत पर भगवान शिव के चरणों की सेवा करते हुए शासन किया उनकी न्याय प्रियता और राज धर्म की चर्चा आज भी प्रसांगिक है उन्होंने अपने कार्यकाल के दौरान काशी, सोमनाथ, हरिद्वार सहित विभिन्न धार्मिक स्थलों पर जीर्णोद्धार कराया एवं जनता की सुविधा के लिए धर्मशालाओं का निर्माण कराया। इसके अलावा उन्होंने प्रस्ताव रखा कि शहर के किसी चौराहों का नामांतरण महारानी अहिल्याबाई होलकर के नाम पर होना चाहिए इस मौके पर सोशल डिस्टेंस का पालन करते हुए प्रतीकात्मक रूप में महारानी अहिल्याबाई होल्कर के चित्र पर दीप प्रज्वलन एवं माल्यार्पण किया गया। इसके बाद रात्रि में करीबन 7 बजे पाल समाज के युवाओं ने अपने-अपने घरों पर दीपक व मोमबत्ती जलाकर वातावरण को अंधकार मुक्त किया गया।
उन्होंने आजादी के समय जितनी भी रियासतों का विलय हुआ सभी राजाओं ने किसी न किसी शर्त के तहत अपनी रियासत का विलय हुआ। जबकि इंदौर रियासत ऐसी रियासत थी जिसकी कोई शर्त नहीं थी। महारानी अहिल्याबाई होलकर के आदशों को अपने जीवन में उतार कर समाज सेवा हेतु आगे आए उन्होंने कहा कि सभी शिक्षा के महत्व को समझें और अपने बच्चों को शिक्षा से जुड़े।