स्पेशल रिपोर्ट। एम्बुलेंस 108 बचाई कई जान।
जिले में 779 हृदय रोगियों की बची जान।
- J. H. लिमिटेड की 108 जनसेवा ने पायी सफलता।
//नरेंद्र अहिरवार//
ब्यूरो दमोह। घर में किसी भी तरह की आपात घटना या फिर सपाट सड़कों पर असमय बस, बाइक या मरूतियों के थमने वाले पहिए। लोगों को सिर्फ एक ही नाम याद आता हैं "108 एंबुलेस" जी हैं, यह हम नहीं आप और हम जैसे प्रत्येक परिवार अपनी ही कहानी अपने ही मुंह से बयान करते हैं। मानो अब लोगों की ज़िंदगी बचाने का नंबर बन चुका है। "108" आपको बता दें कि ज़िकित्ज़ा हेल्थकेयर लिमिटेड 108 सेवा ने अब तक कुल 779 लोगो की जान बचायी हैं। आपके आस पास किसी भी प्रकार की आपातकालीन स्तिथि में "108" को कॉल कर कुछ ही देर में सेवा प्राप्त कर सकते हैं।वर्तमान समय में लोग अनियमित दिनचर्या, अस्वस्थ खान-पान और बढ़ते प्रदुषण के कारण कई तरह की बीमारियों का शिकार हो जाते है। कभी-कभी उन बीमारियों के लक्षण को हम पहचान नहीं पाते है और फिर हमें उसका गम्भीर परिणाम भी देखना पड़ता है। जिनमे मुख्य और गंभीर समस्या है हार्ट अटैक। जिसका समय पर इलाज ना हो तो मरीज का बचना मुश्किल हो जाता है। लेकिन शुक्र है कि 108 आपातकालीन एम्बुलेंस सेवा है।
108 एम्बुलेंस का संचालन करने वाली कंपनी जिगित्सा हेल्थ केयर लिमिटेड के अधिकारी ने बताया कि चिकित्सा सेवा को बेहतर से बेहतर करने लिए हमारी पूरी टीम हमेशा प्रयासरत रहती है। हार्ट अटैक के मरीजों के लिए एक प्री-हॉस्पिटल केयर यानी आपातकालीन अस्पताल है जो कि निःशुल्क 108 एम्बुलेंस सेवा है। जीवनरक्षा हेतु इस आपातकालीन एम्बुलेंस में सभी मूलभूत उपकरण जैसे - ए ई डी मशीन, अम्बुबैग, ब्लड प्रेशर नापने हेतु उपकरण, एवं जीवन रक्षक ऑक्सीजन प्रदान करने की उपयुक्त व्यवस्था है। साथ ही आपातकालीन दवाईयां भी उपलब्ध है जिनका उपयोग प्रशिक्षित इमरजेंसी मेडिकल तकनीशियन (ई ऍम टी ) विशेषज्ञ चिकित्सक के मार्गदर्शन में मरीज के उपचार एवं जीवन रक्षा हेतु किया जाता है। उन्होंने आगे बताया कि 108 आपातकालीन एम्बुलेंस सेवा के माध्यम से मरीज को जल्द से जल्द नजदीकी सरकारी अस्पताल में पहुँचाया जाता है। ताकि अस्पताल में उस मरीज का आगे का इलाज सुचारू रूप से किया जा सके।
चिकित्सा हेल्थ केयर लिमिटेड के द्वारा समय-समय पर लोगों के लिए जागरूकता शिविर भी आयोजित किए जाते है। जागरूकता अभियान में प्रशिक्षित मेडिकल स्टाफ द्वारा आपातकालीन प्राथमिक उपचार के बारे में भी विस्तार से बताया के मरीज के पास एम्बुलेंस ना पहुंचे तब तक आप उसे प्राथमिक उपचार कैसे दें। निश्चित रूप से आम लोगों को हासिल होने वाली यह जानकारी किसी भी इंसान की जान बचा सकती है।
इस सम्बन्ध मैं हमे जिला प्रभारी जुगलरायकवार ने आंकड़े उपलब्ध कराते हुए जानकारी दी कि दमोह जिले में 108 एम्बुलेंस के माध्यम से जनवरी 2019 के महीने में 93, फरवरी में 72, मार्च में 97, अप्रेल में 96, मई में 100, जून में 107, जुलाई में 95, अगस्त में 119, ह्रदय रोगियों को तत्काल सेवा देकर उचित समय पर अस्पताल पहुंचाया है। जिगित्सा हेल्थ केयर लिमिटेड के द्वारा आने वाले समय में भी जागरूकता के लिए हर मजबूत कदम उठाए जाएंगे।
