महिलाओं ने स्व-सहायता समूह संचालन की रखी मांग,मिले प्राथमिकता।
//दिलीप अग्रवाल//
बड़ामलहरा(छतरपुर)। डोंगरपुर के महिला स्व सहायता समूह ने स्कूल की मध्यान्ह भोजन व्यवस्था दिलानें की मांग की है। समूह की महिला ने पिछले दिनों कलेक्टर को एक लिखित आवेदन दिया है। महिलाओं ने पत्र में उल्लेख किया है कि, प्राथमिक शाला डोंगरपुर में वर्तमान में जो समूह व्यवस्था देख रहा है। अनिमित्ताओं के चलते अधिकारियों ने निरस्त कर दिया और दूसरे समूह को अनुबंध जारी किया। परंतु अधिकारियों की मेहरवानी से पुन: लापरवाह समूह को भोजन व्यवस्था दे दी।उर्मिला ठाकुर, सुनीता देवी, मानकुवंर, नन्नीबाई निवासी ग्राम डोंगरपुर तहसील घुवारा सहित समूह की अन्य महिलाओं ने कलेक्टर व जिला सीईओ को एक लिखित आवेदन देकर बताया कि, वह गरीबी रेखा के नीचे जीवन यापन करती है और गांव में महाकाल स्वसहायता समूह का गठन किया है। शासकीय प्राथमिक शाला डोंगरपुर में लक्ष्मी स्वसहायता समूह मध्यान्ह भोजन परोसता था। अनिमित्ताओं की शिकायत मिलने पर चालू सत्र में 20 अगस्त 2019 को महिला स्वसहायता समूह निरस्त कर दिया गया और शाला प्रबंधन समिति को भोजन व्यवस्था दे दी गई। 20 फरवरी 2019 को गांव में महाकाल स्वसहायता समूह का गठन किया गया था।
प्राथमिक शाला डोंगरपुर की व्यवस्था के लिये अगस्त 2019 को जनपद शिक्षा अधिकारी के समक्ष आवेदन प्रस्तुत किया। शाला और समूह के मध्य अनुबंध के पश्चात एसडीएम एनआर गौंड ने महाकाल स्वसहायता समूह को स्कूल की भोजन व्यस्था देने का आदेश जारी कर दिया लेकिन संबंधित समूह को आदेश नहीं दिया बीआरसी महेश विश्वकर्मा लगातार गुमराह करते रहे।
परंतु अधिकारियों ने लापरवाह समूह से संपर्क कर हरदोल स्वसहायता समूह के नाम से सितंबर 2019 में दूसरा समूह गठन करा दिया। मध्यान्ह भोजन व्यवस्था पुन: उन्हीं समूह के सदस्यों को देने की साजिश शुरु कर दी। नियमानुसार गांव में स्थित पुराने समूह को व्यवस्था दी जानी चाहिऐ परंतु अधिकारियों की मेहरवानी से नियमों को दर किनार कर दिया। बताया जाता है कि, पूर्व में कार्यरत समूह लक्ष्मी स्व सहायता समूह में सुभाषिनी अहिरवार सचिव थी नव गठित हरदोल महिला स्वसहायता समूह में भी वही सचिव है। महिलाऐं बताती है कि, लक्ष्मी महिला स्वसहायता समूह संचालक का परिवार दबंग है और पिछले 15 वर्षों से एक छत्र शाला की मध्यान्ह भोजन व्यवस्था सम्हाल रहे है। महिलाओं ने नव गठित हरदोल महिला स्वसहायता समूह की जांच कराकर उचित कार्रवाई करने की मांग की है।