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गुरुवार, 22 दिसंबर 2022

घुवारा। तहसीलदार ने दलालों के माध्यम से बिकवा डाली रेत...पत्रकारों ने की शिकायत... रातोंरात गायब हुई दस लाख कीमत की जप्त रेत का मामला।

//मनीष सम्राट//

घुवारा(छतरपुर)। कस्बा घुवारा में पूर्व तहसीलदार सुनील वर्मा द्वारा जप्त की गई लगभग दस लाख रूपए कीमत की रेत रातोंरात गायब हो गई। स्थानीय जागरूक लोगों ने वर्तमान तहसीलदार पर जप्त रेत को दलालों के माध्यम से बिकवाने के आरोप लगाते हुए अपर कलेक्टर से शिकायत कर मामले की गहन जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग उठाई है।   

प्राप्त जानकारी के अनुसार विगत डेढ़ वर्ष पूर्व घुवारा तहसील में पदस्थ तहसीलदार सुनील वर्मा ने अवैध रेत की शिकायतें मिलने पर सोरखी घाट रेत खदान पर छापामार कार्रवाई करते हुए भारी मात्रा में रेत जप्त की थी। इस जप्त रेत की कीमत लगभग दस लाख रूपए आंकी गई थी जिसे तहसीलदार निवास के पास ही डंप कर सुरक्षित रखवा दिया गया था। तत्कालीन तहसीलदार सुनील वर्मा ने इस जप्त रेत पर अग्रिम कार्रवाई के लिए वरिष्ठ अधिकारियों पत्र भेजा था लेकिन इसी बीच तहसीलदार श्री वर्मा का तबादला घुवारा से महाराजपुर हो गया। उनके स्थान पर तहसीलदार सुनील बाल्मीक घुवारा पहुंचे और उनके आते ही लाखों कीमत की जप्त रेत अचानक गायब हो गई। इस मामले की शिकायत अपर कलेक्टर प्रताप सिंह चौहान से की गई है। जागरूक लोगों ने शिकायत में आरोप लगाया है कि वर्तमान तहसीलदार ने कुछ दलालों के माध्यम से उक्त रेत को बिकवा दिया है जिससे शासन को राजस्व के रूप में लाखों की क्षति हुई है। रेत के इस मामले में न्याय संगत जांच की मांग उठाई गई है। अपर कलेक्टर प्रताप सिंह चौहान ने पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए अनुविभागीय अधिकारी स्तर से निष्पक्ष जांच कराने का भरोसा दिया है।