//कृष्णकान्त दुबे//
नेटवर्क छतरपुर। मध्यप्रदेश की खजुराहो लोकसभा सीट जो बीजेपी प्रदेशाध्यक्ष विष्णु दत्त शर्मा के प्रत्याशी होने के कारण प्रदेशभर में बहु- चर्चित सीट मानी जा रही है, भाजपा से विष्णु दत्त शर्मा प्रत्याशी घोषित होने के बाद इंडिया गठबंधन के तहत खजुराहो लोकसभा सीट के प्रत्याशी की घोषणा अंतोगत्वा समाजवादी पार्टी के नेता मनोज यादव के रूप में कर दी गई है लेकिन जैसा क्षेत्र में इस बात को लेकर बड़ी चर्चा है की खजुराहो लोकसभा सीट भाजपा के लिए वॉक ओवर साबित होगी...?
उल्लेखनीय है कि खजुराहो लोकसभा क्षेत्र से भाजपा प्रदेश अध्यक्ष विष्णु दत्त शर्मा का पिछला संसदीय कार्यकाल सफल कार्यकाल रहा है, इनके द्वारा क्षेत्र में पर्यटन, स्वास्थ्य, सड़क मार्ग और एवं रेलवे व एयर कनेक्टिविटी तथा गांव- गांव को आवागमन के सुलभ मार्ग सुनिश्चित कर लोगों तक सतत संपर्क बनाए रखने का विष्णु दत्त शर्मा की बड़ी कामयाबी कहीं जा सकती है।
53 वर्षीय विष्णु दत्त शर्मा संगठन के लिए समर्पित कार्यकर्ता रहे हैं। एमएससी की शैक्षणिक योग्यता रखने वाले विष्णु दत्त शर्मा 2007 में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के राष्ट्रीय महामंत्री बने इसके बाद राष्ट्रीय मंत्री, क्षेत्रीय संगठन मंत्री, मध्य भारत की जिम्मेदारी निभाने के साथ 2016 में भाजपा प्रदेश महामंत्री बनाए गए तथा 2019 में खजुराहो लोकसभा सीट से सांसद प्रत्याशी बनकर चार लाख 92 हजार की विशाल बहुमत के साथ कांग्रेस प्रत्याशी को पराजित कर खजुराहो से सांसद बने और वर्तमान में प्रदेश भाजपा के अध्यक्ष हैं।
वहीं दूसरी ओर इंडिया गठबंधन के समाजवादी पार्टी के नेता 50 वर्षीय मनोज यादव समाजवादी पार्टी के प्रदेश सचिव है, आप 2014 में विदिशा लोकसभा सीट से चुनाव हारने के साथ पिछले विधानसभा चुनाव में बिजावर विधानसभा क्षेत्र से सपा के प्रत्याशी घोषित होने के बाद उनका टिकट काट दिया गया था और अब खजुराहो लोकसभा क्षेत्र से नए चेहरे के रूप में इंडिया गठबंधन ने अपना प्रत्याशी बनाया है, मध्य प्रदेश की 29 लोकसभा सीटों में खजुराहो लोकसभा सीट इंडिया गठबंधन के तहत समाजवादी पार्टी के पाले में यह टिकट गई लेकिन विष्णु दत्त शर्मा जैसे एक बड़े कद वाले नेता के सामने मनोज यादव इंडिया गठबंधन के प्रत्याशी को मुश्किल ज्यादा हो सकती है।
उत्तर प्रदेश से लगी हुई खजुराहो की सीमा के कारण समाजवादी पार्टी के लिए खजुराहो संसदीय क्षेत्र उनका सबसे पसंदीदा क्षेत्र माना जाता रहा है, खजुराहो लोकसभा के चंदला विधानसभा में समाजवादी पार्टी ने कई बार विधानसभा में अपना दांव भी चलाया लेकिन अभी तक उन्हें पूरे संसदीय क्षेत्र के या यूं कहें छतरपुर जिले से एक दो बार सफलताएं विधानसभाओं में जरूर हासिल हुई लेकिन उनके द्वारा जीते हुए प्रत्याशी समाजवादी पार्टी के नाम पर कम स्वयं के अस्तित्व के चलते जीत सुनिश्चित करते हैं।
समाजवादी पार्टी के वर्तमान राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव लगातार खजुराहो प्रवास पर आते-जाते रहते हैं जिसके चलते इंडिया गठबंधन के तहत खजुराहो लोकसभा सीट पर समाजवादी पार्टी के द्वारा यह दांव लगाया गया है। फिलहाल खजुराहो लोकसभा सीट से दिलचस्प मुकाबले की संभावना से दूर अगर हम एक तरफा मुकाबले कहें या फिर वॉक ओवर भी कहें तो अतिश्योक्ति नहीं होगी। क्योंकि इंडिया गठबंधन के तहत खजुराहो लोकसभा क्षेत्र में लगातार कांग्रेसियों का भाजपा में आना एवं समाजवादी पार्टी का इस क्षेत्र में बहुत ज्यादा दखल न होना या यूं कहें कार्यकर्ता विहीन लोकसभा क्षेत्र में इंडिया गठबंधन इस सीट से महज औपचारिकताओं तक ही सीमित है, फिर भी 26 अप्रैल को निर्वाचन प्रक्रिया के बाद सभी को 4 जून का इंतजार रहेगा।